Nano Urea Liquid Plant Scheme 2022 -23

            Nano Urea Liquid Plant 2022 .

Nano Urea Liquid Plant स्कीम भारत सरकार दवारा लॉंच की गई है .जिसमें गांधीनगर में ‘सहकार से समृद्धि’ पर विभिन्न सहकारी संस्थानों में लाभ दिया है .पीएम मोदी ने आत्मनिर्भर कृषि को बनाने के लिए देश के गुजरात में पहला नैनो यूरिया प्लांट चलाया गया है. जिसकी मदद से लोग आत्मनिभर बन सके.

जिसकी म द द से लोग अपना जीवन् यापन कर सकेगें . इस स्कीम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शनिवार को दो दिन के गुजरात दौरे पर यूरिया के प्लांट को उत्पादन काएलान किया है .इस दौरान पीएम मोदी कलोल में 175 करोड़ की लागत से बने इफको नैनो यूरिया (तरल) प्लांट (IFFCO Nano Liquid Urea) का उद्घाटन करेंगे।.

 

Nano Urea Liquid Plant

 

Nano Urea Liquid Plant से किसानों को लाभ .

आज में आपको बता दें, कि गुजरात के गांधीनगर में चालू किया है . यह यूरिया प्लांट दुनिया का पहला लिक्विड यूरिया है .जो कि इफ्को कंपनी द्वारा चलाया गया है .

1.  इस लिक्विड यूरिया खेती के लिए प्रयोग किया ज़ाएगा. योजना में इफ्को दवारा यह पहला दावा    किया है .जो लिक्विड यूरिया की 500 म्ल की बोतल नॉर्मल यूरिया के एक बैग के बराबर है .

2. योजना से किसानों के उत्पादन को बडेगा और साथ ही फसल के पोषण को भी बढ़ा के ठीक       फसल होगी.

3. सारी मिट्टी, पानी और हवा कम से कम प्रदूषित होगी.

4. इससे सभी किसान भाई कही भी आसानी से रख सकते हैं .

5. इफ्को का यह बोलना है कि इसके दाम भी कम होंगे. और साथ ही सबको आसानी से हर शॉप     पर मिल जायेगा.

Nano Urea Liquid Plant

भारत देश के 14 करोड़ किसानों को राहत देने के लिए मोदी सरकार ने खाद सब्सिडी बढ़ा दी है.जिसके तहत खरीफ सीजन 2022 के लिए रिकॉर्ड 60,939 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी ज़ाएगी .जिसकी मदद से लोग इसका लाभ ले पाएगें .

Nano Urea Liquid Plant  नैनो यूरिया की आधा लीटर बोतल, सभी किसानों की एक बोरी यूरिया की जरूरत को पूरा किया ज़ाएगा .मोदी ने बोला की गांव के स्वाबलंबन का बहुत बड़ा माध्यम है. जिसकी मदद से लोग आत्मनिर्भर भी बनेगें और लोग इसका लाभ भी ले पाएगें . पीयेम मोदी ने कहा,की ‘भारत के उर्वरकों का दूसरा सबसे बड़ा उपभोक्ता और उर्वरक उत्पादन भारत देश है।
अब न्यू स्कीम के तहत सभी नई तकनीकों की कमी के कारण यूरिया कारखाने बंद थे .पर अब ईला मॉग लाभ ले पाएगें . इस प्लांट का रॉ मेटीरियेल भारत में बनाये ज़ाएगें . जिसकी मदद से जिसके किसानों को कि अगर मटेरियल के दाम कम मिलेगा .जिसकी मदद से वृद्धि का बोझ किसानों नही डाला ज़ाएगा.

स्कीम में प्रति बैग कितनी है खाद की कीमत (अप्रैल-2022).

खाद रुपये/प्रति बैग दाम
यूरिया 266.50
डीएपी 1350
एनपीके (12.32-16-0) 1470
एनपीके (10-26-26) 1470
एनपीके (20-20-0-13) 1470
एमओपी 1700
एसएसपी 400

Nano Urea Liquid Plantसरकार दवारा कितने समय सब्सिडी दी ज़ाएगी .

1 केंद्र सरकार खाद पर 2021-22 में 1,62,132 करोड़ रुपये की सब्सिडी दे रही है.

2 उर्वरक सब्सिडी 2013-14 में सिर्फ 71,280 करोड़ रुपये थी.

3 साल 2020-21 में डीएपी पर 10,231 रुपये प्रति टन सब्सिडी थी (512 रुपये प्रति बैग).

4  साल 2022-23 में (1-04-2022 से 30-09-2023) 50013 रुपये प्रति टन सब्सिडी (2501           रुपये  प्रति बैग).

5  सरकार पूरे देश में खाद का एक ही रेट रखती है.

अधिक जानकारी के लिए : http://www.yojanaschemes.in/pm-kisan-ekyc-2022-update-online-application-for-pm-kisan-ekyc-2022/

Nano Urea Liquid Plant .केद्रीय रसायन एवं उर्वरक मंत्री डॉ. मनसुख मंडाविया ने बताया है. कि डाई -अमोनियम फॉस्फेट (डीएपी) देश में कच्चे माल की अंतरराष्ट्रीय कीमतों में वृद्धि के बावजूद भी सरकार इसके उपर कम कीमत में किसानों को इसका लाभ देगी .

इस वर्ष किसानों को करीब 2.5 लाख करोड़ रुपये की सब्सिडी दी जाएगी. जो की उनके बॅंक अकाउंट में दी ज़ाएगी . सभी राज्य के किसानों को रियायती रेट पर उर्वरक मिलने से कृषि क्षेत्र बढ़ाने में मदद मिलेगी. जिससे अधिक खेती की ज़ाएगी और लोगों को लाभ दिया ज़ाएगा .इस पालनाट की मदद से सभी कृषि के लोग इसका लाभ ले पाएगें .  गुजरात राज्य में सहकारी क्षेत्र में 84,000 से अधिक समितियां हैं .

इन समितियों में करीब 231 लाख सदस्य जोड़े गए है. ‘सहकार दवारा सभी समृद्धि’ में करीब राज्य के विभिन्न सहकारी संस्थानों में 7,000 से अधिक प्रतिनिधियों का हिस्सा दिए जाने की उम्मीद है . नैनो यूरिया के प्रयोग से फसल की पैदावार में वृद्धि को ध्यान में रखते हुए अल्ट्रामॉडर्न नैनो फर्टिलाइजर प्लांट की स्थापना की जाएगी .

इस प्लांट से रोजाना 500 मिलीलीटर की लगभग 1.5 लाख तक बोतलों का उत्पादन किया जाएगा .जिससे देश में खाद की जरूरतों को पूरा करने के लिए प्रयोग किया जाएगा .

Nano Urea Liquid Plant

 

सारी जानकारी के मुताबिक अभी पूरे रैक मालगाडी में 52,000 बोरी यूरिया में सारा मटेरियल आता है .लेकिन नैनो तरल यूरिया की 52,000 बोतलें इसे लिए बड़े-बड़े गोदामों की जरुरत नहीं है।  इससे लागत कम होगी तो किसान को सस्ते में इसका लाभ ले पायेगें. इससे खेतों में खेती के लिए खरीफ कीफसलें (धान, मक्का) में लाभ दिया जाएगा .

Nano Urea Liquid Plant किस प्रकार काम करता है .

नैनो यूरिया का अविष्कार इन खामियों को दूर करने के लिए किया गया है।
नैनो तरल यूरिया के उपयोग से फसल पत्तियों पर छिड़काव के माध्यम से कीड़े से बचाब से
किया जाएगा ,छिड़काव के लिए एक लीटर यूरिया के साथ 2,4 पानी लीटर मिलाना होगा .
इससे फसल भी ठीक रहेगी, और अच्छे उत्पादन से किसान इसका लाभ ले पायेगें. जिससे लोग अच्छी  आमदनी कर पायेगें .

Nano Urea Liquid Plant के मात्तबपूर्ण दस्ताबसे .

1 एप्लिकेंट का नाम
2 घर का अड्रेस
3 फ़ोन नंबर
4 राज्य का नाम
5 आधार कार्ड
6 पासपोर्ट साइज फोटो

अंत में आपको बताना चहुगा ,की मेरे दवारा दी हाउ जानकारी लोगों के लिए आप लोगों के लिए लाभदायक होगा .

 

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